आजकल बहुत से लोगों के पास 10 साल या उससे ज्यादा पुराना आधार कार्ड है। बहुत से लोग यह सोचते हैं कि जब नाम, पता, फोटो या कोई भी डिटेल बदलनी ही नहीं है, तो फिर आधार अपडेट कराने की क्या जरूरत है? लेकिन UIDAI (Unique Identification Authority of India) की आधिकारिक सलाह और नियमों के अनुसार स्थिति थोड़ी अलग है। आइए जानते हैं कि क्या वाकई ऐसा करना जरूरी है और इसके पीछे की पूरी सच्चाई क्या है।
क्या 10 साल पुराना आधार अपडेट करवाना अनिवार्य है?
यह कानूनी रूप से पूरी तरह अनिवार्य नहीं है। आधार नंबर कभी एक्सपायर नहीं होता और न ही कभी बंद होता है। लेकिन UIDAI स्पष्ट रूप से सुझाव देता है कि आधार बनने की तारीख से हर 10 साल में कम से कम एक बार अपने पहचान प्रमाण (Proof of Identity - POI) और पते के प्रमाण (Proof of Address - POA) दस्तावेज़ अपडेट कर लेना चाहिए। यह नियम UIDAI के Regulation 16A के तहत है।
जब कुछ भी बदलना न हो, तब क्या करें?
अगर आपके नाम, पते, जन्मतिथि, जेंडर, मोबाइल नंबर या फोटो में से कुछ भी नहीं बदलना है, तब भी आपको डॉक्यूमेंट अपडेट (Document Update) जरूर करवााना चाहिए।
- डॉक्यूमेंट अपडेट का मतलब: आपके आधार रिकॉर्ड में पहले से लगे पुराने कागजातों की जगह नए और फ्रेश स्कैनेड डॉक्यूमेंट्स अपलोड करना होता है।
- इस प्रक्रिया के बाद आपके आधार पर छपा नाम, पता और फोटो बिल्कुल वैसा ही रहता है, बस UIDAI के डेटाबेस में आपके दस्तावेज़ ताजे हो जाते हैं।
- 10 साल में दस्तावेज़ पुराने हो जाते हैं, इसलिए डेटाबेस की सटीकता बनाए रखने के लिए UIDAI यह सलाह देता है।
डॉक्यूमेंट अपडेट क्यों करवाना चाहिए? (फायदे)
- बेहतर कनेक्टिविटी: बैंक KYC, सिम कार्ड, पासपोर्ट और सरकारी योजनाओं के काम में रुकावट नहीं आती।
- स्मूथ ऑथेंटिकेशन: बायोमेट्रिक और e-KYC के दौरान वेरिफिकेशन बहुत आसानी से हो जाता है।
- डेटाबेस शुद्धता: UIDAI के रिकॉर्ड में आपका आधार हमेशा अप-टू-डेट रहता है।
घर बैठे ऑनलाइन डॉक्यूमेंट अपडेट कैसे करें? (स्टेप-बाय-स्टेप प्रोसेस)
सबसे आसान और मुफ्त तरीका है myAadhaar पोर्टल का इस्तेमाल करना:
- पोर्टल पर जाएं: अपने ब्राउज़र में https://myaadhaar.uidai.gov.in/ ओपन करें।
- लॉगिन करें: अपना 12 अंक का आधार नंबर और कैप्चा दर्ज करें, फिर "Send OTP" पर क्लिक करें। रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर पर आए ओटीपी से लॉगिन करें।
- विकल्प चुनें: डैशबोर्ड पर जाकर "Document Update" के ऑप्शन पर क्लिक करें।
- डिटेल्स चेक करें: स्क्रीन पर दिख रही अपनी डिटेल्स को ध्यान से देखें और सही होने पर “I verify that the above details are correct” पर टिक करें।
- डॉक्यूमेंट अपलोड करें: अपना पहचान प्रमाण (POI) और पता प्रमाण (POA) ड्रॉपडाउन से चुनें। इसके बाद दोनों दस्तावेज़ों के साफ स्कैन (JPEG, PNG या पीडीएफ फॉर्मेट, साइज 2 MB से कम) अपलोड करें।
- सबमिट करें: सहमति देने के बाद फॉर्म को सबमिट कर दें।
- URN संभालें: सबमिट करते ही आपको एक URN (Update Request Number) मिल जाएगा। इसे सुरक्षित सेव करके रख लें। (प्रोसेसिंग टाइम: आमतौर पर 15 से 30 दिन लगते हैं। आप URN से इसका स्टेटस चेक कर सकते हैं।)
किन दस्तावेज़ों की जरूरत पड़ेगी?
- पहचान प्रमाण (POI - Proof of Identity): पासपोर्ट, पैन कार्ड, वोटर ID, ड्राइविंग लाइसेंस, फोटो वाली बैंक पासबुक आदि।
- पता प्रमाण (POA - Proof of Address): बिजली/पानी/गैस बिल (3 महीने से पुराना न हो), बैंक या पोस्ट ऑफिस पासबुक, रेंट एग्रीमेंट, राशन कार्ड आदि। (नोट: दस्तावेज़ एकदम साफ, कलर स्कैन और आपके नाम से पूरी तरह मैच करने वाले होने चाहिए।)
कुछ जरूरी बातें जो आपको पता होनी चाहिए:
- फीस: ऑनलाइन डॉक्यूमेंट अपडेट 14 जून 2027 तक पूरी तरह फ्री है। यदि आप किसी आधार सेवा केंद्र पर जाकर करवाते हैं, तो ₹75 का शुल्क लगेगा।
- बायोमेट्रिक अपडेट: अगर आपको फोटो, फिंगरप्रिंट या आईरिस बदलवाना है, तो आपको सेंटर जाना पड़ेगा। डॉक्यूमेंट अपडेट से छपी हुई डिटेल्स नहीं बदलतीं।
- सपोर्ट: किसी भी मदद के लिए आधिकारिक वेबसाइट (myaadhaar.uidai.gov.in) का ही इस्तेमाल करें या 1947 पर कॉल करें।
निष्कर्ष
अगर आपका आधार 10 साल या उससे ज्यादा पुराना हो गया है और आपकी कोई डिटेल नहीं बदली है, तब भी सिर्फ डॉक्यूमेंट अपडेट जरूर करवा लें। यह सबसे आसान, सुरक्षित और अभी के समय में बिल्कुल मुफ्त तरीका है। इससे आपका रिकॉर्ड एकदम ताजा रहता है और भविष्य के काम बिना किसी रुकावट के पूरे होते हैं।
